द स्वार्ड ऑफ इण्डिया
बाराबंकी । BARABANKI जिले में मिलावटखोरी के खिलाफ प्रशासन अब पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रहा है। बुधवार को खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की टीम ने नवाबगंज तहसील की गल्ला मंडी और आसपास के इलाकों में अचानक छापेमारी कर पूरे बाजार में हड़कंप मचा दिया।
टीम के पहुंचते ही दुकानदारों में अफरा-तफरी मच गई—कई ने आनन-फानन में शटर गिराए, तो कुछ इधर-उधर खिसकते नजर आए।
खाद्य सुरक्षा अधिकारी (खाद्य-II) शैलेन्द्र प्रताप सिंह के नेतृत्व में चली इस कार्रवाई में व्रत-फलाहार में इस्तेमाल होने वाले खाद्य पदार्थों को खास तौर पर निशाने पर लिया गया।
टीम ने मौके से 5 संदिग्ध नमूने एकत्र कर प्रयोगशाला जांच के लिए भेज दिए। इन दुकानों पर पड़ा छापा: अमित एंटरप्राइजेस — खुला साबूदाना, हर्ष किराना स्टोर — कुट्टू का आटा, ओम एंटरप्राइजेस — छुआरा, गोपाल ट्रेडर्स — साबूदाना, जय ट्रेडर्स — किशमिश, छापेमारी के दौरान टीम ने 15 खाद्य प्रतिष्ठानों का सघन निरीक्षण भी किया।
कई दुकानों में साफ-सफाई और भंडारण व्यवस्था में गंभीर खामियां मिलने पर व्यापारियों को कड़े सुधार नोटिस थमाए गए।
खुले सामान पर सख्त नजर :-
शैलेन्द्र प्रताप सिंह ने दो टूक कहा कि खुले में बिक रहे साबूदाना और कुट्टू के आटे को लेकर विभाग पूरी तरह सतर्क है।
उन्होंने उपभोक्ताओं से अपील की कि खाद्य सामग्री खरीदते समय पैकेजिंग, निर्माता का नाम और एक्सपायरी डेट जरूर जांचें।
मिलावट साबित हुई तो सीधी कार्रवाई :-
अधिकारियों ने साफ चेतावनी दी है कि यदि जांच रिपोर्ट में मिलावट की पुष्टि होती है, तो संबंधित व्यापारियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
कार्रवाई में ये अधिकारी रहे शामिल अभियान में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी नीरद पाण्डेय के साथ अरुण कुमार, भगौती प्रसाद, पल्लवी तिवारी, अर्शी फारूकी, सलिल सिंह और डॉ. अंकिता यादव की टीम मौजूद रही।

संदेश साफ: अब मिलावटखोरों की खैर नहीं—प्रशासन का शिकंजा कस चुका है।








