नामदार राही
भिवंडी । Bhiwandi निजामपुर शहर महानगरपालिका आम चुनाव 2026में सभी पार्टिया अपने उम्मीदवारों के जीत के लिए अपनी ताक़त लगा रही हैं।
लेकिन आम मतदाता चुनाव नजदीक आते हुए भी अपना रूझान स्पष्ट नहीं कर रहा है क्योंकि उसको पहले चुनाव से आज तक सभी पार्टियों ने विकास के नाम पर ठगा है और आज तक वह अपने प्राथमिक विकास से वंचित रहा है ।
भाजपा शिवसेना (शिंदे गुट) युति के पक्ष में खुद मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस ने विकास के मुद्दे पर वोट माँग लिया है लेकिन भाजपा और शिवसेना का पिछला इतिहास मतदाता भूले नहीं है और युति जिन लोगों के ख़िलाफ़ चुनाव लड़ रही है वहीं लोगों के साथ इन्होंने सत्ता में भागीदारी की थी।
प्रबुद्ध लोगों का कहना है की सत्ता के साथ होने वाला आर्थिक विकास ही सभी पार्टि उम्मीदवारो का सपना होता है । जैसे जैसे चुनाव नजदीक आ रहा है वैसे शहर में दबंगई धनबल का माहौल बढ़ गया है ।
भाजपा के स्थानिक कार्यकर्ताओं द्वारा पूर्व महापौर प्रतिभा पाटिल की प्रचार अभियान रैली में की गई दबंगाई पूरे शहर में चर्चा और गुस्से का विषय बन गया है जो भाजपा शिवसेना (शिंदे गुट) युति के उम्मीदवारों को खतरा पैदा कर सकता है ।
विश्वसनीय सूत्रो द्वारा किए गए अध्ययन से मालूम हुवा है की शहर में झुग्गी झोपड़ी बस्तियों के मतदाता के वोटर सूची के दस्तावेज़ दबंग उम्मीद वारों ने अपने कब्जे में जमा किये है और उनके ऐवज़ में पैसा उनको दिया गया है और उनके वोट अपने पक्ष मे सुनिश्चित कर लिए गए हैं ।
कांग्रेस,समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी भिवंडी (पूर्व) के विधायक रईस शेख के नाम पर और विकास के नाम पर वोट मांग रहे हैं जो शहर में मज़ाक़ का विषय बन गया है ।
विधायक रईस शेख द्वारा अपने बयान का विडीयो साझा किया गया है जिसमें उन्होंने समाजवादी पार्टी को अपने से अलग करने का आग्रह किया है ताकि उनके समर्थकों को वोट देनें में दिक़्क़त न हो जाये ।उन्होंने पूर्णता कांग्रेस के साथ मिलकर चुनाव उनके के पक्ष में कराकर कांग्रेस का काम आसान कर दिया है ।
महानगरपालिका के सत्ता की चाबी फिर से एकबार स्थानिक आघाडी निर्दलीय और कांग्रेस के पास जाएगी यह सुनिश्चित होने जा रहा है ।
अभी तक मतदाता का रुझान कोई एक पक्ष के साथ नहीं होने से निर्दलीय उम्मीदवार इस चुनाव में अपनी जीत बड़े पैमाने में हासिल करेंगे क्योंकि उनके सामने पार्टियों के दिये हुए उम्मीदवार अपने वादे पर आज तक खरे नहीं उतरे हैं ।









