लखनऊ : Birla Fertility & IVF लखनऊ ने उत्तर प्रदेश में स्पेशलाइज्ड फर्टिलिटी केयर के पांच वर्ष पूरे किए। सेंटर के अनुसार, इस अवधि में कम एग रिजर्व, पुरुष बांझपन, ट्यूबल फैक्टर, एंडोमेट्रियोसिस, फाइब्रॉइड्स और बार-बार आईवीएफ विफलता जैसी समस्याओं से जूझ रहे कई कपल्स को उपचार उपलब्ध कराया गया।
सेंटर में महिला और पुरुष दोनों पार्टनर्स की जांच के आधार पर व्यक्तिगत उपचार योजना तैयार करने पर जोर दिया जाता है।
एक जटिल मामले में 35 वर्षीय महिला का एएमएच स्तर 0.35 ng/mL और एंट्रल फॉलिकल काउंट 3-4 था, जबकि उनके 34 वर्षीय पति में एजूस्पर्मिया पाया गया। जांच में बाएं टेस्टिस में परिपक्व स्पर्म उत्पादन की पुष्टि हुई।
महिला से पांच एग्स प्राप्त किए गए, जिनमें चार आईसीएसआई के लिए उपयुक्त थे। पुरुष पार्टनर से सर्जिकल स्पर्म रिट्रीवल के जरिए स्पर्म प्राप्त कर आईसीएसआई प्रक्रिया की गई।

इसके बाद दो अच्छी गुणवत्ता वाले एम्ब्रियो विकसित हुए। एम्ब्रियो ट्रांसफर के बाद गर्भावस्था की पुष्टि हुई और महिला ने एक बच्ची को जन्म दिया।
सेंटर हेड डॉ. श्रेया गुप्ता ने कहा कि फर्टिलिटी समस्याओं में दोनों पार्टनर्स का समय पर मूल्यांकन महत्वपूर्ण है। सेंटर के मुताबिक, लखनऊ आसपास के जिलों के लिए भी स्पेशलाइज्ड फर्टिलिटी सेवाओं का केंद्र बन रहा है।








