द स्वार्ड ऑफ इण्डिया
बाराबंकी । BARABANKI जिले के ग्रामीण इलाकों में एक अजीबोगरीब स्थिति देखने को मिली। ईरान-इजरायल युद्ध और तेल की कीमतों में संभावित बढ़ोतरी की अफवाह ने ऐसा माहौल बनाया कि लोग ड्रम और गैलन लेकर पेट्रोल पंपों पर उमड़ पड़े।
कई जगह ट्रैक्टर-ट्रॉलियों पर खाली ड्रम लादकर पहुंचे ग्रामीणों की वजह से पेट्रोल पंपों पर घंटों लंबी कतारें लग गईं।
मोहम्मदपुर खाला, तिलोकपुर और देवा क्षेत्र में अफवाह का असर सबसे ज्यादा देखने को मिला।
लोगों को डर था कि अगर युद्ध लंबा खिंचा तो डीजल-पेट्रोल की किल्लत हो सकती है और खेती-किसानी के काम ठप पड़ जाएंगे।
इसी आशंका में लोग 40-50 लीटर के गैलन और बड़े-बड़े ड्रम लेकर पेट्रोल पंपों पर पहुंच गए। देवा क्षेत्र के अजगना स्थित ‘श्री विष्णु नारायण फिलिंग सेंटर’ समेत कई पेट्रोल पंपों पर गुरुवार को मेले जैसा माहौल नजर आया।
बड़ी संख्या में पहुंचे लोगों के कारण कुछ पंपों पर ईंधन का स्टॉक तेजी से घट गया, जिससे सामान्य ग्राहकों को भी परेशानी उठानी पड़ी।
पेट्रोल पंप संचालक मनोज कुमार सिंह ने बताया कि सोशल मीडिया और अफवाहों के चलते लोग भ्रमित हो गए हैं।
उन्होंने कहा कि लोगों को लग रहा है कि ईरान-इजरायल युद्ध के कारण तेल की आपूर्ति बंद हो सकती है या कीमतें अचानक बढ़ सकती हैं,
जबकि ऐसी कोई स्थिति नहीं है। इधर मामले को लेकर जिला प्रशासन भी सक्रिय हो गया है। जिला पूर्ति अधिकारी डॉ. राकेश कुमार तिवारी ने साफ कहा कि जिले में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है
और आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है। उन्होंने लोगों से अपील की कि अफवाहों पर ध्यान न दें और अनावश्यक स्टॉक न करें।
डॉ. तिवारी ने चेतावनी दी कि अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन लगातार लोगों से संयम बरतने और स्थिति को सामान्य बनाए रखने की अपील कर रहा है।

कुल मिलाकर एक अफवाह ने जिले में ऐसा माहौल बना दिया कि पेट्रोल पंपों पर ड्रमों की कतार लग गई और घंटों तक लोग ईंधन भरवाने के लिए जूझते रहे।








